नमस्कार मध्यप्रदेश वॉइस न्यूज पोर्टल मे आपका स्वागत हैं, खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे  7489579303, 👉बैतूल जिले के हर तहसील में संवाददाता चाहिए। 📞 संपर्क करें।
केन-बेतवा लिंक परियोजना: विस्थापित किसानों के दर्द को मिली आवाज़, आदिवासी कांग्रेस ने फूंका आर-पार की लड़ाई का बिगुल – Madhya Pradesh Voice

Madhya Pradesh Voice

Latest Online Breaking News

केन-बेतवा लिंक परियोजना: विस्थापित किसानों के दर्द को मिली आवाज़, आदिवासी कांग्रेस ने फूंका आर-पार की लड़ाई का बिगुल


WhatsApp Icon

18/04/2026 10:51 PM Total Views: 492450

छतरपुर। विकास के नाम पर विस्थापन का दंश झेल रहे ‘केन-बेतवा लिंक परियोजना’ से प्रभावित किसानों का धैर्य अब जवाब दे चुका है। अपने हकों, उचित मुआवजे और न्यायपूर्ण पुनर्वास की मांग को लेकर पिछले कई दिनों से हजारों किसान अपना घर-बार छोड़कर धरने पर बैठे हैं। प्रशासन और सरकार की लगातार हो रही अनदेखी के कारण अब यह शांतिपूर्ण धरना एक बड़े जनांदोलन का रूप लेता जा रहा है।

लंबे समय से अनसुनी की जा रही इन अन्नदाताओं की आवाज़ को अब आदिवासी कांग्रेस ने पूरी मजबूती के साथ उठाने का संकल्प लिया है।

ताजा खबरों को देखने के लिए , यहाँ क्लिक करके हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें

किसानों के बीच पहुंचा कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल

किसानों की पीड़ा को साझा करने और उन्हें समर्थन देने के लिए, आदिवासी कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीय विक्रांत भूरिया और मध्य प्रदेश आदिवासी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष रामू टेकाम के निर्देश व अनुशंसा पर युवा नेताओं की एक मजबूत टीम धरना स्थल पर पहुंची।

Read Our Photo Story
यहाँ क्लिक करके हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

जिला यूथ कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मानवेंद्र सिंह के नेतृत्व में पहुंचे इस प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश सचिव गौरव विनोद दीक्षित, छतरपुर विधानसभा अध्यक्ष कपिल देव रिछारिया, ब्लॉक अध्यक्ष सचिन सिंह, जिला महासचिव राजाबाबू यादव, छात्र नेता आदर्श रावत, जिला पंचायत सदस्य कैलाश कुशवाहा, और आदिवासी कांग्रेस के जिला अध्यक्ष राजबहादुर सहित दो दर्जन से अधिक ऊर्जावान कांग्रेसी शामिल थे।

नेताओं ने ज़मीन पर बैठकर किसानों की हर एक समस्या को बारीकी से सुना, उनकी आंखों देखी हकीकत को जाना और प्रशासन की तानाशाही के खिलाफ उनका हौसला बढ़ाया।

प्रदेश अध्यक्ष रामू टेकाम ने किया सीधा संवाद

आंदोलन के दौरान एक बेहद अहम क्षण तब आया जब प्रदेश अध्यक्ष रामू टेकाम ने फोन के माध्यम से धरना स्थल पर मौजूद किसानों से सीधा संवाद किया। उन्होंने किसानों का दर्द साझा करते हुए उन्हें स्पष्ट और दृढ़ शब्दों में आश्वासन दिया। उन्होंने कहा, “आप खुद को अकेला न समझें। आपके पसीने और ज़मीन की कीमत हम व्यर्थ नहीं जाने देंगे। किसानों के हक की यह लड़ाई अब पूरी आदिवासी कांग्रेस पूरी ताकत और शिद्दत के साथ लड़ेगी।”

“अन्याय बर्दाश्त नहीं, न्याय मिलने तक जारी रहेगा संघर्ष”

धरना स्थल से आदिवासी कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने सरकार और स्थानीय प्रशासन को खुली चेतावनी देते हुए अपना रुख साफ कर दिया है। नेताओं ने एक स्वर में कहा कि देश का पेट भरने वाले किसानों के साथ किसी भी कीमत पर अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।

कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि, “चाहे सड़क पर उतरना पड़े या लाठियां खानी पड़ें, किसानों की हर लड़ाई में हम उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर अग्रिम पंक्ति में खड़े रहेंगे।” जब तक प्रभावित किसानों की एक-एक मांग पूरी नहीं हो जाती और उन्हें पूर्ण न्याय नहीं मिल जाता, तब तक यह अनवरत संघर्ष यूं ही जारी रहेगा।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से क्या आप संतुष्ट हैं? अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।


लाइव कैलेंडर

October 2026
M T W T F S S
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031