नमस्कार मध्यप्रदेश वॉइस न्यूज पोर्टल मे आपका स्वागत हैं, खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे  7489579303, 👉बैतूल जिले के हर तहसील में संवाददाता चाहिए। 📞 संपर्क करें।
जे.एच. कॉलेज छत्रपति घोटाले का पर्दाफाश, मुख्य आरोपी दीपेश डहेरिया गिरफ्तार, 1.44 करोड़ की छात्रवृत्ति राशि का गबन – Madhya Pradesh Voice

Madhya Pradesh Voice

Latest Online Breaking News

जे.एच. कॉलेज छत्रपति घोटाले का पर्दाफाश, मुख्य आरोपी दीपेश डहेरिया गिरफ्तार, 1.44 करोड़ की छात्रवृत्ति राशि का गबन


WhatsApp Icon

20/09/2025 8:13 PM Total Views: 389094

बैतूल। बैतूल पुलिस ने पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन के मार्गदर्शन में गंज थाना क्षेत्र स्थित जे.एच. कॉलेज (जयवंती हक्सर शासकीय महाविद्यालय) में हुए छत्रपति घोटाले का पर्दाफाश करते हुए मुख्य आरोपी दीपेश डहेरिया को गिरफ्तार कर लिया है। इस घोटाले में “गांव की बेटी योजना” के तहत छात्रवृत्ति राशि में 1.44 करोड़ रुपए का गबन किया गया था।

तत्कालीन प्राचार्य ने दर्ज कराई थी रिपोर्ट

थाना गंज बैतूल में 17 दिसंबर 2024 को फरियादी विजेता चौबे (63 वर्ष), जो कि जे.एच. कॉलेज में इतिहास की प्राध्यापक और तत्कालीन प्राचार्य थीं, ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि 09 अगस्त 2024 से 11 सितंबर 2024 तक महालेखाकार ग्वालियर (म.प्र.) द्वारा महाविद्यालय का वर्ष 04/2019 से 07/2024 तक का ऑडिट किया गया था। ऑडिट में “गांव की बेटी योजना” के अंतर्गत हितग्राहियों को प्रदाय छात्रवृत्ति राशि की भी जांच की गई।

ताजा खबरों को देखने के लिए , यहाँ क्लिक करके हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें

जांच में हुआ घोटाले का खुलासा

कार्यालय आयुक्त, उच्च शिक्षा मध्यप्रदेश भोपाल से प्राप्त ऑडिट रिपोर्ट के अनुसार “गांव की बेटी योजना” से संबंधित ₹144.65 लाख के संदिग्ध भुगतान की जांच हेतु कलेक्टर बैतूल के आदेश पर जांच दल गठित किया गया। जांच प्रतिवेदन में पाया गया कि दीपेश डहेरिया (कंप्यूटर ऑपरेटर), प्रकाश बजारे (सहायक ग्रेड-2) और रिंकु पाटिल (सहायक ग्रेड-3) ने कूटरचित दस्तावेज एवं फर्जी बिल तैयार कर छात्रवृत्ति राशि संदिग्ध बैंक खातों में ट्रांसफर की थी। जांच दल ने यह भी पाया कि आरोपियों ने शासकीय लोक सेवक होते हुए शासकीय राशि का गबन कर भ्रष्टाचार किया है।

Read Our Photo Story
यहाँ क्लिक करके हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

मामला दर्ज, तत्कालीन प्राचार्य भी आरोपी

इस मामले में आरोपियों के विरुद्ध अपराध क्रमांक दर्ज कर धारा 420, 467, 468, 471, 409, 120-बी भादवि एवं धारा 13(2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। जांच रिपोर्ट के आधार पर तत्कालीन प्राचार्य राकेश कुमार तिवारी एवं तत्कालीन प्राचार्य श्रीमती विजेता चौबे को भी आरोपी बनाया गया है।

साइबर सेल की मदद से मुख्य आरोपी गिरफ्तार

विवेचना के दौरान सायबर सेल एवं मुखबिर सूचना पर मुख्य आरोपी दीपेश डहेरिया पिता स्व. अर्जुन सिंह डहेरिया निवासी प्रभातपट्टन को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया है। अन्य आरोपी फरार हैं, जिनकी शीघ्र गिरफ्तारी हेतु प्रयास जारी हैं।

पुलिस टीम को मिली सफलता

इस मामले को सुलझाने में एसडीओपी बैतूल सुनील लाटा, निरीक्षक नीरज पाल, उपनिरीक्षक इरफान कुरैशी, प्रधान आरक्षक संदीप, आरक्षक अभिषेक शिंदे, आरक्षक लालसिंह, आरक्षक नवीन रघुवंशी, आरक्षक आकाश सेठिया तथा सायबर सेल आरक्षक दीपेन्द्र, बलराम सिंह राजपूत एवं राजेंद्र धाडसे ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

पुलिस अधीक्षक ने की अपील

पुलिस अधीक्षक बैतूल वीरेंद्र जैन ने जिलेवासियों से अपील की है कि यदि किसी शासकीय योजना अथवा छात्रवृत्ति संबंधी कार्य में अनियमितता, फर्जीवाड़ा अथवा भ्रष्टाचार की जानकारी हो तो तुरंत पुलिस या प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने कहा कि सूचना देने वाले की जानकारी गोपनीय रखी जाएगी। पुलिस का उद्देश्य पारदर्शिता एवं ईमानदारी के साथ समाज में कानून का राज स्थापित करना है।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से क्या आप संतुष्ट हैं? अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।


लाइव कैलेंडर

April 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
27282930