नमस्कार मध्यप्रदेश वॉइस न्यूज पोर्टल मे आपका स्वागत हैं, खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे  7489579303, 👉बैतूल जिले के हर तहसील में संवाददाता चाहिए। 📞 संपर्क करें।
‘ढाई सौ किलो का मुक्का और 10 हजार लोग’ : SDOP को विधायक की खुली धमकी – Madhya Pradesh Voice

Madhya Pradesh Voice

Latest Online Breaking News

‘ढाई सौ किलो का मुक्का और 10 हजार लोग’ : SDOP को विधायक की खुली धमकी


WhatsApp Icon

21/04/2026 2:34 PM Total Views: 390602

भोपाल। मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले की पिछोर सीट से भाजपा विधायक प्रीतम लोधी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में विधायक का तेवर बेहद आक्रामक है और वे पुलिस अधिकारियों को सीधे तौर पर धमकाते नजर आ रहे हैं।

एसडीओपी के बंगले को गोबर से भरने का अल्टीमेटम

विधायक लोधी ने करैरा के एसडीओपी (SDOP) को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं हुआ, तो वे 10 हजार लोगों** को साथ लेकर उनके बंगले पर पहुंचेंगे और पूरे बंगले को गोबर से भरवा देंगे। विधायक यहीं नहीं रुके, उन्होंने फिल्मी अंदाज में अपनी ताकत का प्रदर्शन करते हुए कहा: “मेरा मुक्का पहले ढाई किलो का था, लेकिन अब यह ढाई सौ किलो का हो गया है। मैं उन्हें (अधिकारियों को) बेचैन कर दूंगा।”

ताजा खबरों को देखने के लिए , यहाँ क्लिक करके हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें

विवाद की जड़: बेटे पर पुलिसिया कार्रवाई

इस पूरे गुस्से की वजह विधायक के बेटे से जुड़ा एक कानूनी मामला है। हाल ही में विधायक के बेटे ने अपनी “थार गाड़ी” से पांच लोगों को टक्कर मार दी थी। इस दुर्घटना के बाद पुलिस ने मामले में सख्ती दिखाई, जो विधायक को नागवार गुजरी।

Read Our Photo Story
यहाँ क्लिक करके हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

विधायक लोधी का आरोप है कि पुलिस प्रशासन उन्हें निशाना बना रहा है और निष्पक्ष कार्रवाई के बजाय किसी ‘ऊपरी दबाव’ में काम कर रहा है।

दिल्ली और ‘महाराज’ पर उठाए सवाल

विधायक ने इस मामले में सीधे भाजपा के शीर्ष नेतृत्व और क्षेत्रीय दिग्गजों का नाम लेकर सनसनी फैला दी है। उन्होंने एसपी (SP) से सवाल किया कि आखिर उन्हें इस केस में निर्देश कहाँ से मिल रहे हैं?

लोधी ने तंज कसते हुए पूछा— “क्या निर्देश पीएम मोदी भेज रहे हैं, अमित शाह भेज रहे हैं या फिर महाराज (ज्योतिरादित्य सिंधिया) भेज रहे हैं?”

उन्होंने नाराजगी जताई कि जब पार्टी का नेतृत्व भोपाल में मौजूद है, तो दिल्ली से हस्तक्षेप की बातें क्यों की जा रही हैं? उन्होंने पुलिस से पूछा कि ऐसे विशेष निर्देश केवल उनके ही मामले में क्यों आ रहे हैं?

15 दिन का अल्टीमेटम

विधायक प्रीतम लोधी ने प्रशासन को “15 दिनों का समय” दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे जांच में सहयोग कर रहे हैं, लेकिन इस मामले में उन्हें प्रशासन से लिखित या मौखिक स्पष्टीकरण चाहिए कि आखिर किसके इशारे पर उन पर दबाव बनाया जा रहा है।

सत्ताधारी दल के विधायक द्वारा पुलिस अधिकारियों को इस तरह सार्वजनिक रूप से धमकाना मध्य प्रदेश की राजनीति और नौकरशाही के बीच बढ़ते तनाव को दर्शाता है। अब देखना यह है कि संगठन इस अनुशासनहीनता पर क्या रुख अपनाता है और पुलिस प्रशासन इस धमकी का जवाब कैसे देता है।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से क्या आप संतुष्ट हैं? अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।


लाइव कैलेंडर

April 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
27282930