नमस्कार मध्यप्रदेश वॉइस न्यूज पोर्टल मे आपका स्वागत हैं, खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे  7489579303, 👉बैतूल जिले के हर तहसील में संवाददाता चाहिए। 📞 संपर्क करें।
डाबर सहित कई कंपनियों की आयुर्वेदिक दवाएं अमानक घोषित, क्रय-विक्रय पर तत्काल प्रतिबंध, आयुष विभाग सख्त – Madhya Pradesh Voice

Madhya Pradesh Voice

Latest Online Breaking News

डाबर सहित कई कंपनियों की आयुर्वेदिक दवाएं अमानक घोषित, क्रय-विक्रय पर तत्काल प्रतिबंध, आयुष विभाग सख्त


WhatsApp Icon

22/11/2025 10:35 PM Total Views: 416569

बैतूल। जिले में आयुष विभाग ने एक बड़ा कदम उठाते हुए अमानक पाई गई कई आयुर्वेदिक दवाओं के क्रय-विक्रय पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। यह कार्रवाई भोपाल स्थित औषधि नियंत्रक एवं संचालनालय आयुष, मध्य प्रदेश द्वारा जारी सख्त निर्देशों के बाद की गई है, जिसका उद्देश्य जन स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

प्रतिबंधित दवाओं में नामी कंपनियां भी शामिल

जिन आयुर्वेदिक दवाओं को अमानक घोषित कर प्रतिबंधित किया गया है, उनमें कई नामी कंपनियों के उत्पाद भी शामिल हैं। आयुष विभाग द्वारा जारी सूची के अनुसार, डाबर इंडिया की कफ कुठार रस (बैच नंबर एसबी 00066) और लक्ष्मी विलास रस (नारदीय) (एसबी 00065) पर प्रतिबंध लगाया गया है।

ताजा खबरों को देखने के लिए , यहाँ क्लिक करके हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें

इसके अतिरिक्त, श्री धन्वंतरी हर्षलला विपेज की प्रवाल पिष्टी (पीपीएमबी 077) और मुक्ता शुक्ति (एमएसबीडी 059) भी अमानक पाई गई हैं। वहीं, शर्मायू जेन्युन कंपनी की गिलोय सत्व (005 पी-1) और कामदुधा रस (251170002 पी-1) को भी गुणवत्ता मानकों पर खरा न उतरने के कारण प्रतिबंधित कर दिया गया है।

Read Our Photo Story
यहाँ क्लिक करके हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

गहन जांच के बाद हुई कार्रवाई

औषधि नियंत्रक एवं संचालनालय आयुष, मध्य प्रदेश द्वारा जारी निर्देशों के अनुपालन में, शनिवार को जिला आयुष अधिकारी डॉ. योगेश चौकीकर के नेतृत्व में जिले के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान स्टॉकिस्टों और औषधि विक्रेताओं की दुकानों पर सघन चेकिंग की गई।

जांच में, उपरोक्त सूचीबद्ध दवाएं गुणवत्ताहीन पाई गईं, जिसके तुरंत बाद इनकी अनुज्ञप्ति (लाइसेंस) रद्द करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई। विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि इन सभी अमानक आयुर्वेदिक दवाओं के क्रय-विक्रय पर पूर्ण प्रतिबंध लागू हो गया है और इसका उल्लंघन करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

भविष्य में भी सख्त निगरानी जारी रहेगी: डॉ. चौकीकर

जिला आयुष अधिकारी डॉ. योगेश चौकीकर ने बताया कि यह कार्रवाई राज्य स्तरीय निर्देशों के अनुरूप जन स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए की गई है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में भी दवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने हेतु इस संबंध में सख्त निगरानी जारी रहेगी। किसी भी दवा की गुणवत्ता से समझौता स्वीकार्य नहीं होगा।

इस कार्रवाई से आयुर्वेदिक दवा बाजार में हड़कंप मच गया है और यह एक स्पष्ट संदेश है कि आयुष विभाग दवाओं की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं करेगा, ताकि आम जनता को सुरक्षित और प्रभावी उपचार मिल सके।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से क्या आप संतुष्ट हैं? अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।


लाइव कैलेंडर

June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930